मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने बुधवार को घोषणा की कि महाराष्ट्र सरकार ने नवी मुंबई इंटरनेशनल मेडिसिटी (NMIMC) बनाने के लिए क्लीवलैंड क्लिनिक, ब्रुकफील्ड एसेट मैनेजमेंट और अरोधन हेल्थ सिटी के साथ एक MoU साइन किया है।इस प्रोजेक्ट को भारत के पहले वर्ल्ड-क्लास हेल्थकेयर, रिसर्च और इनोवेशन इकोसिस्टम में से एक माना जा रहा है।(Cleveland Clinic to develop Navi Mumbai MediCity with Maharashtra government says CM devendra Fadnavis)
1.2 बिलियन डॉलर का इन्वेस्टमेंट, 10 हज़ार नौकरियां
नवी मुंबई में 250 एकड़ ज़मीन पर बनने वाले इस प्रोजेक्ट में लगभग 1.2 बिलियन US डॉलर (लगभग 10 हज़ार करोड़) का इन्वेस्टमेंट किया जाएगा।
यह प्रोजेक्ट:
लगभग 10 हज़ार नौकरियां पैदा करेगा
वर्ल्ड-क्लास हेल्थकेयर देगा
मेडिकल रिसर्च और इनोवेशन को बढ़ावा देगा
आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और जीनोमिक्स पर फोकस करेगा
मुख्यमंत्री फडणवीस ने कहा कि मेडिसिटी में मॉडर्न हेल्थकेयर के साथ आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), जीनोमिक्स और एडवांस्ड क्लिनिकल रिसर्च शामिल होंगे। इससे भारत में मेडिकल रिसर्च, डायग्नोस्टिक्स और इलाज के लिए एक स्टेट-ऑफ-द-आर्ट इकोसिस्टम बनेगा।
क्लीवलैंड क्लिनिक की अहम भूमिका
क्लीवलैंड क्लिनिक इस प्रोजेक्ट में लीड हेल्थकेयर पार्टनर के तौर पर काम करेगा और उसे अपने वर्ल्ड-क्लास मेडिकल केयर और रिसर्च अनुभव का फ़ायदा मिलेगा।
MoU पर क्लीवलैंड क्लिनिक के CEO टोमिस्लाव मिहालजेविक, कार्डियोलॉजी हेड समीर कपाड़िया, लक्ष्मी मित्तल और दूसरे सीनियर अधिकारियों ने साइन किए।
'हील इन इंडिया' कैंपेन को मज़बूत करना
यह प्रोजेक्ट भारत सरकार के 'हील इन इंडिया' इनिशिएटिव के मुताबिक है और भारत को मेडिकल टूरिज़्म, रिसर्च और इनोवेशन के लिए ग्लोबल हब बनाने के लक्ष्य को बढ़ावा देगा।
मेडिकल एजुकेशन और रिसर्च को भी बढ़ावा देना
मरीज़ों की देखभाल के अलावा, मेडिसिटी इन पर भी ध्यान देगी:
मेडिकल एजुकेशन
डॉक्टरों और हेल्थकेयर वर्कर्स की ट्रेनिंग
रिसर्च और इनोवेशन
AI-बेस्ड हेल्थ सॉल्यूशन
अधिकारियों के मुताबिक, यह प्रोजेक्ट न सिर्फ़ भारत की स्पेशल हेल्थकेयर क्षमताओं को बढ़ाएगा बल्कि भारतीय और इंटरनेशनल मेडिकल संस्थानों के बीच सहयोग को भी बढ़ावा देगा।
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