Advertisement

BJP के गॉसिप से MVA सरकार नहीं गिरेगी : नवाब मलिक

एनसीपी नेता ने कहा कि, एमवीए सरकार का गठन तीन वैचारिक विभिन्न दलों कांग्रेस, राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) और शिवसेना ने किया था। मलिक ने कहा कि इसके गठन के छह महीने पूरे हो गए हैं और यह पांच साल का कार्यकाल पूरा करेगा।

BJP के गॉसिप से MVA सरकार नहीं गिरेगी : नवाब मलिक
SHARES
Advertisement

महाराष्ट्र में सत्ताधारी महागठबंधन की महाविकास आघाड़ी (MVA) पर मंडरा रहे कथित अटकलों के बीच महाराष्ट्र के अल्पसंख्यक मामलों के मंत्री नवाब मलिक (nawab malik) गुरुवार को कहा कि, शिवसेना की अगुवाई वाली महाविकास आघाड़ी (MVA) सरकार स्थिर और मजबूत है और वह अपना पांच साल का कार्यकाल पूरा करेगी। मंत्री ने आगे कहा कि एमवीए सरकार ने छह महीने पूरे कर लिए हैं और मजबूत और स्थिर है। गौरतलब है कि 8 नवंबर, 2019 को शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे (uddhav thackeray) ने महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली थी जिसके बाद बीजेेपा नेताओं ने चुुटकी लेते हुए कहा था कि, तीन पहिए वाली सरकार लंबे समय तक नहीं चलेगी।

एनसीपी नेता ने कहा कि, एमवीए सरकार का गठन तीन वैचारिक विभिन्न दलों कांग्रेस, राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) और शिवसेना ने किया था।  मलिक ने कहा कि इसके गठन के छह महीने पूरे हो गए हैं और यह पांच साल का कार्यकाल पूरा करेगा।

एनसीपी के प्रवक्ता मलिक ने कहा कि सरकार सिर्फ इसलिए नहीं गिरेेगी क्योंकि बीजेपी इसे लेकर गपशप कर रही है।  उन्होंने कहा कि एमवीए सरकार का गठन एक सामान्य न्यूनतम साझा कार्यक्रम (Common minimum program) केे तहत हुआ था, जिसे तीनों गठबंधन सहयोगियों द्वारा तैयार किया गया थाउन्होंने कहा, सरकार वर्तमान में महाराष्ट्र में COVID-19 प्रकोप से लड़ रही है। हम इसे दूर करेंगे और सरकार को ठीक से चलाएंगे।

इससे पहले, बीजेपी सांसद नारायण राणे ने महाराष्ट्र के राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी से मुलाकात की थी और राज्य में राष्ट्रपति शासन लागू करने की मांग की, उन्होंने आरोप लगाया था कि राज्य में कोरोना वायरस की स्थिति से निपटने में शिवसेना की अगुवाई वाली एमवीए सरकार की विफल रही है।

हालांकि, महाराष्ट्र विधानसभा में विपक्ष के नेता (LoP), देवेंद्र फडणवीस ने खुद को राणे की मांग से अलग कर लिया और कहा कि भाजपा इस महामारी के समय मे सरकार बनाने के लिए इच्छुक नहीं है।

फडणवीस ने हालांकि कहा कि विपक्ष महाराष्ट्र में अपने COVID-19 को संभालने के लिए सत्तारूढ़ सरकार पर दबाव बनाने की कोशिश नहीं कर रहा था।

इससे पहले, राज्य के परिवहन मंत्री अनिल परब सहित एमवीए मंत्रियों ने एक प्रेस वार्ता की और देवेंद्र फड़नवीस द्वारा महाराष्ट्र को केंद्र द्वारा प्रदान की गई सहायता के बारे में किए गए दावों का खंडन किया।

मंगलवार को फडणवीस ने दावा किया कि केंद्र ने राज्य सरकार को cr 28,000 करोड़ से अधिक की राशि प्रदान की है।  हालांकि, एमवीए ने कहा कि उन्हें अब तक कुछ भी नहीं मिला है।

संबंधित विषय
Advertisement