‘राधे मां’ को देवी काली का अवतार बता बुरे फंसे थे सोनू निगम

सोनू निगम के गानों में जितनी बेबाकी नजर आती है, असल जिंदगी में भी वे उतने ही बेबाक हैं। यही वजह है कि वे कुछ कॉन्ट्रोवर्सीज का भी शिकार हुए।

  • ‘राधे मां’ को देवी काली का अवतार बता बुरे फंसे थे सोनू निगम
  • ‘राधे मां’ को देवी काली का अवतार बता बुरे फंसे थे सोनू निगम
SHARE

बॉलीवुड के हमंगे सिंगर में शुमार सोनू निगम आज अपना 45वां जन्मदिवस मना रहे हैं। उनका जन्म 30 जुलाई 1973 में फरीदाबाद (हरियाणा) में हुआ था। इन्हें बचपन से ही गाने का बुहत शौख था। मात्र 4 साल की उम्र में ही इन्होंने स्टेज में मोहम्मद रफी का गाना गाकर लोगों को अपनी आवाज का दीवाना बना दिया था।


'सारेगामा' से मिली पहिचान

बॉलीवुड में सोनू निगम को 1995 में जबर्दस्त पहिचान मिली थी। इस दौरान इन्होंने ‘सारेगामा’ होस्ट किया था जो कि उनके करियर में मील का पत्थर साबित हुआ। इसके बाद सोनू ने कभी पीछे मुड़कर नहीं देखा। साथ ही उन्होंने ‘जानी दुश्मन’ और ‘काश आप हमारे होते’ जैसी कुछ फिल्मों में एक्टिंग भी किया। पर जो जादू उन्होंने अपने गानों से बिखेरा वह जादू एक्टिंग से नहीं बिखेर पाए।


बेबाक सोनू 

सोनू निगम के गानों में जितनी बेबाकी नजर आती है, असल जिंदगी में भी वे उतने ही बेबाक हैं। यही वजह है कि वे कुछ कॉन्ट्रोवर्सीज का भी शिकार हुए। उन्होंने साल 2015 में विवादित महिला धर्मगुरु राधे मां का उस वक्त बचाव ही नहीं किया बल्कि उनकी तुलना देवी काली मां से भी की, जब उनके पहनावे और अश्लील डांस को लेकर देशभर में उनकी निंदा हो रही थी।


राधे मां की काली मां से तुलना


सोनू ने अपने पहले ट्वीट में लिखा, काली मां को तो राधे मां से भी कम कपड़ों में दर्शाया गया है। रोचक है कि यह देश कपड़ो के आधार पर एक महिला पर केस चलाना चाहता है।


नग्न साधुओं पर हमला

दूसरे ट्वीट में सोनू ने लिखा था, पुरुष साधु नग्न घूम सकते हैं, अजीब तरह से डांस कर सकते हैं। लेकिन बलात्कार का आरोप लगने के बाद ही उन्हें जेल में डाला जा सकता है। क्या यह लैंगिक समानता है?


नियमों पर उठाया सवाल

केस चलाना चाहते हैं, अनुयाइयों पर केस चलाइए, अपने आप पर केस चलाइए, महिलाओं और पुरुषों को धर्म गुरू बनाने के लिए, महिलाओं और पुरुषों के लिए अलग अलग नियम, सही नहीं हैं।

सोनू निगम द्वारा लगातार किए गए इन ट्वीट्स के बाद देशभर में उनका विरोध शुरु हो गया था, कुछ संगठन ने उनसे सामूहिक माफी मांगने के लिए कहा था।

संबंधित विषय
ताजा ख़बरें