मानसिक रूप से कमजोर बच्चों ने बनाये ये दिये!


  • मानसिक रूप से कमजोर बच्चों ने बनाये ये दिये!
SHARE

दिवाली त्योहार हम सभी के दिलों के काफी करीब होता है। इस त्योहार के दिन बड़े , बुढ़े और बच्चे सभी लोग एक साथ मिलकर त्योहार मनाते है और मिठाईयां खाते है।  दिवाली के त्योहार की सबसे बड़ी खासियत होती है दिये। दिवाली के दिन घरों को दिये की रौशनी के साथ सज़ाया जाता है। इन दियों में जलती रौशनी पूरे घर को रौशन कर देती है। दिवाली में दियों का अपना एक अलग ही महत्व है। इन दियों का बनाने का काम पिछले कई दिनों से शुरु हो जाता है। दिये बनाने का काम जितना कठिन है उतनी ही बारिक है। दियों को बनाने के लिए आपको कई दिनों पहले ही इसकी तैयारियां शुरु कर देते है।  

कुछ इसी तरह के दिये बनाए है मानसिक रुप से कमजोर बच्चों ने। नरिमन प्वॉइंट स्थइत मंत्रालय में मानसिक रुप से तैयार किये गए दियों की एक प्रदर्शनी लगाई गई है।  इल प्रदर्शनी में नाही सिर्फ आप दिये देख सकते है बल्की इनको खरीद भी सकते है। ये सारे दिये मानसिक रुप से कमजोर बच्चों ने बनाया है। पेंटिंग और डिजाइन का पूरा काम  इन्ही बच्चों ने किया है। इन दियों को खरिदने के लिए लोग भी अच्छा प्रतिसाद दिखा रहे है। 


इन दियों को बेचनेवाले सचिन जाधव का कहना है की" मानसिक रुप से कमजोर बच्चों द्वारा तैयार किये गए ये दिये लोगों को काफी अच्छे लग रहे है, इन दियो को लोग हाथों हाथ ले रहे है, बच्चों को दिये बनाने के लिए उन्हे बार बार इसके बारे में बताना पड़ता है , एक दिये के काम को पूरा करने में बच्चे एक दिन ले लेते है , इसके लिए हमे इसका काम काफी पहले ही शुरु करना पड़ता है"

संबंधित विषय
ताजा ख़बरें