वन विभाग की तोड़क कार्यवाही

दहिसर- १६ मार्च की सुबह दहिसर पूर्व धारखाड़ी में उस समय हड़कंप मच गया जब वहाँ पुलिस के भारी बंदोबस्त के साथ अचानक वन विभाग के अधिकारी बुलडोजर के साथ पहुंच गए। सड़क पर सैकड़ो लोग जमा हो गए।फारेस्ट के अधिकारियों ने भारी बंदोबस्त के साथ ४ बड़े गालों को ध्वस्थ कर दिया।

इस एरिया के धारखाड़ी केतकीपाड़ा को फारेस्ट विभाग ने एक्वायर कर लिया। सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर यहाँ के रहने वालों ने हर एक घर वालों ने सात सात हजार रुपये भर दिया। लेकिन १० साल हो गए फारेस्ट विभाग ने किसी को घर नहीं आवंटित नहीं किया। लेकिन अचानक तोड़क कार्यवाही से लोगों में भय का महल है।

मालूम हो कि सुप्रीम कोर्ट का आदेश है कि जो भी १९९४ से रह रहे है उनको पहले शिफ्ट कर उन्हें घर दिया जाय बाद में तोड़क कार्यवाही की जाय। इस सम्बन्ध में क्षेत्रीय विधायक प्रकाश सुर्वे ने ने कहा की वे यह मामला अधिवेशन में उठाकर इस समस्या का निपटारा करेगे।इस अवसर पर फारेस्ट अधिकारियों ने कहा की उन्हें किसी भी प्रकार की जानकारी देने की इजाजत नहीं है।

Loading Comments