
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस की मौजूदगी में पुणे और रायगढ़ ज़िलों में 2100 MW के पिंपलपाड़ा-सावले उडचन हाइड्रोइलेक्ट्रिक प्रोजेक्ट को डेवलप करने के लिए चैम्बरी पावर (EDF सॉल्यूशंस प्राइवेट लिमिटेड की एक ग्रुप कंपनी) के साथ एक मेमोरेंडम ऑफ़ अंडरस्टैंडिंग (MoU) पर साइन किए गए।(MoU signed for construction of 2100 MW Udchan Hydropower Project in Pune and Raigad districts)
अधिकारियों के साथ बैठक
विधान भवन में हुए इस इवेंट में वॉटर रिसोर्स मिनिस्टर (गोदावरी और कृष्णा बेसिन डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन) राधाकृष्ण विखे पाटिल, वॉटर रिसोर्स (विदर्भ, तापी, कोंकण इरिगेशन डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन) और डिज़ास्टर मैनेजमेंट मिनिस्टर गिरीश महाजन, वॉटर रिसोर्स डिपार्टमेंट के एडिशनल चीफ सेक्रेटरी दीपक कपूर, पब्लिक वर्क्स डिपार्टमेंट के एडिशनल चीफ सेक्रेटरी मिलिंद म्हैसकर, महाराष्ट्र स्टेट पावर जेनरेशन कंपनी (महाजंको) के मैनेजिंग डायरेक्टर राधाकृष्णन बी., EDF सॉल्यूशंस प्राइवेट लिमिटेड के CEO गुरिके सरवन और अलग-अलग डिपार्टमेंट के सीनियर अधिकारी शामिल हुए।
पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप
राज्य सरकार की पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप (PPP) पॉलिसी के तहत 2100 MW का उडचन हाइड्रोपावर प्रोजेक्ट बनाने के लिए एग्रीमेंट पर साइन किए गए हैं। इस प्रोजेक्ट को एनर्जी स्टोरेज और स्टेबल पावर सप्लाई पक्का करने के मामले में एक अहम पड़ाव माना जा रहा है।
प्रोजेक्ट डिटेल्स
पिंपलपाड़ा-सावले उडचन हाइड्रोपावर प्रोजेक्ट को पुणे और रायगढ़ जिलों में चैम्बरी पावर प्राइवेट लिमिटेड के ज़रिए डेवलप किया जाएगा। इस प्रोजेक्ट के लिए लगभग Rs 10,217 करोड़ का इन्वेस्टमेंट प्रपोज़्ड है और लगभग 2,500 नौकरियां पैदा होंगी।
महाराष्ट्र में उडचन हाइड्रोपावर प्रोजेक्ट्स
राज्य में कुल 55 उडचन हाइड्रोपावर प्रोजेक्ट्स से अब तक 78,215 MW बिजली बनने की उम्मीद है। इसमें लगभग Rs 4.17 लाख करोड़ का इन्वेस्टमेंट और 1.28 लाख मैनपावर के लिए रोज़गार पैदा होगा।
इन स्कीम्स के मुताबिक, राज्य को इंडस्ट्रियल रेट पर लगभग Rs. 1,762.21 करोड़ और रिचार्ज से हर साल लगभग Rs 128.32 करोड़ का रेवेन्यू मिलने की उम्मीद है।यह उम्मीद जताई गई कि एनर्जी सेक्टर में इस बड़े इन्वेस्टमेंट से राज्य के इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट को बढ़ावा मिलेगा।
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