Advertisement

लोकल ट्रेन चालू करने की मांग, मनसे कार्यकर्ताओं ने किया सविनय आंदोलन


लोकल ट्रेन चालू करने की मांग, मनसे कार्यकर्ताओं ने किया सविनय आंदोलन
SHARES

कोरोना (Coronavirus) की पृष्ठभूमि के मद्देनजर मुंबई (mumbai) सहित देशभर में तालाबंदी यानी लॉकडाउन (lockdown) की घोषणा हुई। इस लॉकडाउन (lockdown) के कारण, मुंबई की लाइफलाइन लोकल ट्रेन (mumbai life line local train service) सेवा बंद कर दी गई थी। हालांकि, यह लोकल सेवा पहले सभी के लिए बंद की गई थी लेकिन जून महीने में इसे आवश्यक सेवा कर्मियों के लिए खोल दी गई, इसके बाद भी बड़ी संख्या में इस सेवा से वंचित रहे। हालांकि बड़ी संख्या में लोग बेस्ट की बसों (best bus), एसटी की बसों (ST Bus) और निजी परिवहन का उपयोग करके यात्रा कर रहे हैं। नतीजतन इस समय भी बड़ी संख्या में लोग सार्वजनिक परिवहन सेवा का उपयोग कर रहे हैं और भीड़ में यात्रा करने को मजबूर हैं।

इन्हीं सब कठिनाइयों को देखते हुए मनसे (maharashtra navnirman sena) ने मुंबई में जल्द से जल्द लोकल रेल सेवा शुरू करने की मांग की है ताकि आम लोग जो आर्थिक तंगी का सामना कर रहे हैं वे अपने काम धाम पर जा सकें। साथ ही मनसे (MNS) ने यह भी चेतावनी दी कि अगर उनकी मांग नहीं मानी गई तो वे सविनय आंदोलन शुरू कर देंगे।

मनसे (manse) के इस आंदोलन को उपनगरीय रेलवे यात्री एकता संघ ने भी अपना समर्थन दिया है। मनसे के महासचिव संदीप देशपांडे (sandeep deshpande) ने पहले ही स्पष्ट कर दिया था कि अगर बेस्ट की बसें चलाई जा सकती हैं तो लोकल ट्रेन क्यों नहीं, क्योंकि बसों में भी भीड़ बढ़ती ही जा रही है। 

इसे देखते हुए रेलवे पुलिस ने संदीप देशपांडे को आंदोलन नहीं करने का निर्देश भी दिया है। रेलवे पुलिस ने यह भी कहा कि, अगर कोई आंदोलन करता है तो वे नियमानुसार कार्रवाई करेंगे। हालांकि, रेलवे पुलिस के नोटिस के बावजूद, संदीप देशपांडे सोमवार को मनसे कार्यकताओं के साथ लोकल ट्रेन में अवैध रूप से यात्रा कर सविनय आंदोलन किया।

इस बारे में संदीप देशपांडे ने कहा, हम कानूनी कार्रवाई के लिए तैयार हैं। देशपांडे ने यह भी कहा कि अगर शिवसेना (shiv sena)  आंदोलन करती है तो उन्हें नोटिस नहीं भेजे जाते, लेकिन हमें तुरंत नोटिस दिया जाता है। क्या मुख्यमंत्री यह नहीं देखते हैं कि लोगों को 8 घंटे की ड्यूटी के साथ साथ 8 घंटे की यात्रा भी करनी पड़ रही है, जबकि परिवहन मंत्री अनिल परब (anil parab) के मुताबिक वे 100 प्रतिशत यात्रियों के साथ एसटी चला रहे हैं।.

उन्होंने यह भी सवाल किया कि क्या कोरोना ने अनिल परब को बताया था कि अगर एसटी शुरू होता है, तो कोरोना नहीं फैलेगा और अगर ट्रेन शुरू होती है, तो यह फैलेगा?

Read this story in मराठी
संबंधित विषय
Advertisement