कंपनी के अकाउंटेंट ने ही कंपनी को लगाया 7 करोड़ का चुना, हुआ गिरफ्तार

किसी तरह से कंपनी के मालिक को इस फर्जीवाड़े का सुराग लग गया। कंपनी के मालिक जयकिशन माकीजानी ने इसकी शिकायत पुलिस से की। फर्जीवाड़े के आंकड़े को देखते हुए यह केस EOW यानि आर्थिक अपराध शाखा को दे दिया गया।

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फर्जी बैंक स्टेटमेंट की मदद से कंपनी में 7 करोड़ रुपये हेराफेरी करने के आरोप में आर्थिक अपराध शाखा(EOW) ने कम्पनी के ही अकाउंटेंट को गिरफ्तार किया है। इस अकाउंटेंट का नाम शैलेश होनाजी हरयान है।

क्या था मामला?
मीरा रोड का रहने वाला शैलेश होनाजी हरयान मे. लाईफस्टाईल ट्रेटलिंक इंडिया नामकी कंपनी में बतौर अकाउंटेंट का काम करता था। अकाउंटेंट का काम करते-करते शैलेश को कंपनी के हर लेन-देन और खाते के बारे में अच्छी तरह से पता था। इसी का फायदा उठा कर शैलेश ने साल 2009 से लेकर साल 2015 तक कंपनी में 7 करोड़ रूपये की हेराफेरी की। उसने कंपनी के पैसों को अपने खाते में ट्रांसफर किया था। किसी को शक न हो इसीलिए उसने कंपनी के नाम पर एक फर्जी बैंक स्टेटमेंट भी बनवाया, और खुद ही ऑडिट भी किया।

इस प्रकार की पहचान करने के बाद, कंपनी के मालिक जयकिशन मकजानी ने नजदीकी पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई। हालांकि, अपराध की संख्या को देखने के बाद, अपराध को मुंबई अपराध शाखा की आर्थिक अपराध शाखा द्वारा आगे वर्गीकृत किया गया था। जांच में, हरियाण ने खुलासा किया कि उसने बैंक के नकली टिकट बनाए थे। पुलिस इस बारे में जानकारी हासिल करने के लिए भी काम कर रही है कि वे धोखाधड़ी से कैसे निकले।

लेकिन किसी तरह से कंपनी के मालिक को इस फर्जीवाड़े का सुराग लग गया। कंपनी के मालिक जयकिशन माकीजानी ने इसकी शिकायत पुलिस से की। फर्जीवाड़े के आंकड़े को देखते हुए यह केस EOW यानि आर्थिक अपराध शाखा को दे दिया गया। इसके बाद जांच में शैलश द्वारा किये गए सारे करतूत अपने आप सामने आती गयी। आखिरकार पुलिस ने शैलश को गिरफ्तार कर लिया और उसके खिलाफ कार्रवाई में जुट गयी।

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