‘जब हैरी मेट सेजल' बांसुरी वाली कहावत!

 Mumbai
‘जब हैरी मेट सेजल' बांसुरी वाली कहावत!

स्टार कास्टः शाहरुख खान, अनुष्का शर्मा

रेटिंगः 2/5

‘जब वी मेट’, ‘लव आजकल’ और ‘रॉकस्टार’ जैसी रोमांटिक फिल्में बनाने वाले डायरेक्टर इम्तियाज अली से उम्मीदें अधिक थी। पर उनकी फिल्म ‘हैरी मेट सेजल’ उम्मीदों पर खरी ना उतर सकी। फिल्म में शाहरुख खान और अनुष्का शर्मा प्रमुख भूमिका में हैं। एक्टर्स ने फिल्म की कहानी को अच्छे से पेश करने की कोशिश भी की है, पर अनमैच्योर्ड स्क्रिप्ट के चलते वो बात ना बन सकी। यही लगा कि ‘व्हाई हैरी मेट सेजल’? ना होता बांस, ना बजती बांसुरी? क्योंकि ये बांसुरी बहुत बोझिल है। इम्तियाज अली ने अक्सर अपनी फिल्मों में आधुनिक जीवन शैली और रिलेशनशिप को बड़े ही मजेदार तरीके से परोसा था। इसलिए उनसे उम्मीदें भी बहुत थी। पर उम्मीदों पर हर फिल्म खरी कहां उतरती है। वही हाल ‘जब हैरी मेट सेजल’ का है।

'जब हैरी मेट सेजल' हैरी (शाहरुख खान) की कहानी है, जो यूरोप में टूरिस्ट गाइड है। वह एक गुजराती ग्रुप को यूरोप घुमाता है। वह उन्हें एयरपोर्ट छोड़कर बाहर आता ही है कि उसी गुजराती ग्रुप की एक लड़की सेजल (अनुष्का शर्मा) उसे बताती है कि उसकी सगाई वाली अंगूठी खो गई है, जिसके बिना उसका मंगेतर उसके साथ शादी नहीं करेगा। उसके बाद हैरी सेजल को दोबारा से उन्हीं देशों की यात्रा पर ले जाता है, जहां जहां वे घूमकर आए थे। अंगूठी की तलाश में एम्सटरडेम से शुरू हुआ उनका सफर बर्लिन , बुडापेस्ट होते हुए लिस्बन तक पहुंच जाता है। इसी बीच कुछ ऐसे वाक्या होते हैं जो सेजल को हैरी की ओर खीचकर लाते हैं। और उसे हैरी से प्यार हो जाता है। सेजल को अंगूठी मिल भी जाती है,  फिर भी वह हैरी को पहले नहीं बताती उसे हैरी के साथ समय बिताना अच्छा लगने लगता है। बाद में सेजल हैरी को अंगूठी मिलने के बारे में बताती है और लगेहाथ भारत लौट आती है। इसके बाद हैरी भी सेजल को मिस करने लग जाता है। अब हैरी क्या सेजल से मिलने भारत जाएगा और क्या सेजल उसे मिल पाएगी इसके लिए आपको फिल्म देखनी होगी।

अनुष्का शर्मा गुजराती एक्सेंट में बात करती हैं जो कभी कभी तो फनी पर ज्यादा टाइम बोरिंग लगा है। शाहरुख खान ने भी बीच बीच मे पंजाबी बोली है, जो उनपर बिलकुल भी नहीं फबी। शाहरुख खान ने 50 की उम्र पार कर ली है, अब उनको चाहिए कि दूसरे खान कि तरह स्क्रिप्ट पर भी ध्यान दें क्योंकि सिर्फ दाड़ी रख लेने से उम्र नहीं छिप पाती।

अगर आपका मन यूरोप घूमने का सपना है और आप पैसों की किल्लत की वजह से नहीं घूम पा रहें हैं तो आपके लिए ‘जब हैरी मेट सेजल’ मील का पत्थर साबित हो सकती है। आपको 300-400 रुपए में यह फिल्म  यूरोप की यात्रा करा देगी। इस फिल्म में यूरोप की खूबसूरती को बाखूबी परोसा गया है।  


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