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' कोरोना से पीड़ित एक भी मंत्री सरकारी अस्पताल में दाखिल क्यों नहीं हुआ'

विधानसभा में विपक्ष के नेता देवेंद्र फड़नवीस (devendra fadnavis) के कोरोना वायरस (Coronavirus) से संक्रमित होने के बाद उन्हें एक सरकारी अस्पताल (Government hospital) में दाखिल कराया गया है।

' कोरोना से पीड़ित एक भी मंत्री सरकारी अस्पताल में दाखिल क्यों नहीं हुआ'
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विधानसभा में विपक्ष के नेता देवेंद्र फड़नवीस (devendra fadnavis) के कोरोना वायरस (Coronavirus) से संक्रमित होने के बाद उन्हें एक सरकारी अस्पताल (Government hospital) में दाखिल कराया गया है। इसके बाद BJP ने MVA सरकार पर निशाना साधा है। BJP नेता अतुल भातखलकर (atul bhatkhalkar) ने कहा है कि, MVA सरकार दावा करती है कि, कोरोना काल में वे बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध करा रही है तो फिर अब तक इतने मंत्री कोरोना से पीड़ित हुए, आख़िर उनमें से एक भी सरकारी अस्पताल में दाखिल क्यों नहीं हुआ?

देवेंद्र फड़नवीस ने कुछ महिने पहले भाजपा नेता गिरीश महाजन (girish mahajan) से बात करते हुए कहा था कि, अगर मैं कोरोना (Covid-19) से संक्रमित हो जाता हूं, तो मुझे सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया जाना चाहिए। फडणवीस-महाजन की फोन पर हुई इस बातचीत का एक छोटी सी क्लिप भी सोशल मीडिया पर वायरल हुई थी।

लेकिन अब फडणवीस के कोरोना से संक्रमित होने के बाद उन्हें मुंबई के सेंट जॉर्ज सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया गया है।

भातखलकर ने आगे कहा, जो देवेंद्र फडणवीस, हमेशा सरकारी स्वास्थ्य प्रणाली को दोष देते थे, इसके बाद भी वे सरकारी अस्पताल में इलाज के लिए दाखिल हुए, क्योंकि वे यह देखना चाहते थे कि, एक गरीब को किस तरह की स्वास्थ्य सुविधाएं दी जा रही है।

जबकि MVA सरकार के मंत्री जो बड़े बड़े दावे करते थे, वे खुद ही अपने दावे की पोल खोल रहे हैं। इसीलिए अभी तक कोई भी मंत्री कोरोना से पीड़ित होने पर सरकारी अस्पताल में दाखिल नहीं हुआ।

आपको बता दें कि MVA सरकार के अब तक 16 मंत्री कोरोना से संक्रमित हो चुके हैं, लेकिन ये सभी बड़े बड़े प्राइवेट अस्पतालों में दाखिल होकर अपना इलाज कराया।

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